शहर के प्रमुख 14 होटल, पब और बार सीधे पुलिस की निगरानी में रहेंगे। पुलिस ने इनके सीसीटीवी का एक्सेस ले लिया है।
जेनजी बार में विवाद के बाद हुए गोलीकांड ने दून पुलिस की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए तो पुलिस भी एक्शन मोड में आ गई। शहर में कानून व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पुलिस ने पब, बार और होटल प्रतिष्ठानों की निगरानी के लिए बड़ा कदम उठाया है।
शहर के प्रमुख 14 होटल, पब और बार सीधे पुलिस की निगरानी में रहेंगे। पुलिस ने इनके सीसीटीवी का एक्सेस ले लिया है। दरअसल, शहर में बढ़ती आपराधिक गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने और नियमों के उल्लंघन पर तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए एसएसपी प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने हाल ही में पब, बार और होटल संचालकों के साथ बैठक की थी। अधिकारियों को निर्देश दिए गए थे कि वे सभी प्रमुख प्रतिष्ठानों से समन्वय स्थापित कर उनके सीसीटीवी सिस्टम का एक्सेस प्राप्त करें। इन्हीं निर्देशों के अनुपालन में पुलिस की विशेष टीमों ने शहर के विभिन्न पब, बार और होटलों से संपर्क साधते हुए उनके सीसीटीवी कैमरों को पुलिस के निगरानी सिस्टम से जोड़ना शुरू कर दिया है।
एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने बताया कि इस व्यवस्था से किसी भी घटना की स्थिति में फुटेज की तत्काल समीक्षा कर जांच और कार्रवाई को तेजी से अंजाम दिया जा सकेगा। इस अभियान को प्रभावी बनाने के लिए एसएसपी ने एक विशेष टेक्निकल टीम का गठन भी किया है। यह टीम लगातार अन्य प्रतिष्ठान संचालकों से संपर्क कर शेष स्थानों के सीसीटीवी कैमरों का एक्सेस लेने की प्रक्रिया में जुटी हुई है। इस पहल से न केवल सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होगी बल्कि पब, बार और होटलों में होने वाली किसी भी अवैध या संदिग्ध गतिविधि पर भी कड़ी नजर रखी जा सकेगी।
बता दें कि गत सोमवार को जेनजी बार में हुए विवाद के बाद युवकों के दो गुटों ने एक-दूसरे पर फायरिंग की थी। इस दौरान एक गोली मार्निंग वाक पर निकले ब्रिगेडियर मुकेश कुमार जोशी (सेनि.) को लग गई। इससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना के बाद दून में सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हुए थे।
फरार आरोपियों की तलाश में दबिश दे रहीं टीमें
जोहड़ी गांव में गोलीकांड के फरार आरोपियों की तलाश में दून पुलिस की कई टीमें कई राज्यों में दबिश दे रही हैं। घटना के मुख्य आरोपी सहारनपुर के शांतनु त्यागी समेत तीन लोग अभी भी फरार हैं। इनकी तलाश के लिए एसएसपी के निर्देश पर छह टीमें गठित की गई हैं। ये टीमें उत्तर प्रदेश, दिल्ली समेत कई राज्यों में दबिश दे रही हैं। पुलिस इस मामले में अब तक सात आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। इस मामले में पूर्व सैनिकों ने डीजीपी से मिलकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।